Love (प्यार)

यु हम खिड़की के पास झूले पे बैठे,
बारिश को निहार रहे थे.
की तुम्हारा चेहरा याद आया.

याद आया वो दिन जब ऐसी ही बारिश थी
और हम तुम्हारे पास थे.

वो साथ गुज़ारे हुए पल हमेशा
याद रहेंगे हमे.

आज वही तुम हो, वही हम है
पर लगता है हमारी दूरियां
कुछ बढ़ सी गयी है.

सामने के छज्जे पे जब एक तरफ
एक अकेली चिड़िया बैठे देखि
तो तुम्हारी याद आयी.

की हम भी ऐसी ही अकेली चिड़िया
जैसे अपने अपने किनारो पे बैठे हुए है.

दूसरी ओर नज़र घुमाई तो देखा
एक दूसरे छज्जे पे दो चिड़िया साथ में बैठी
और एक दूसरे  के प्यार में खोयी हुई थी
उन्हें इस दुनिया से कोई लेना देना नहीं था
जैसे की उनकी दुनिया एक दूसरे में ही समायी थी.

फिर देखा की वो दोनों अकेली चिड़िया को जैसे
बोल रही थी की जा उड़ जा तू भी यहाँ से
ढूंढ ले कोई ऐसी खिड़की, कोई ऐसा छज्जा
जहा तुझे कोई अकेला पंछी बैठा मिले

वो भी तेरी जैसी अकेली चिड़िया
का इंतज़ार कर रहा होगा.

पहले बहुत सी चिड़िया छोड़ दी तूने
पर अब नहीं , अब जल्द ही किसी को अपना बना ले.

जा उड़ जा इस खुले आसमान में और ढूंढ लेअपनी मंज़िल.

फिर मेरी जैसे ही दूसरी ओर नज़र गयी देखा
सामने एक ऊँची बिल्डिंग पे एक चिड़िया बैठी थी.

कुछ ही पालो में वो दोनों साथ में हो गए और एक दूसरे से बोले;
चलो यहाँ से कही दूर चले हम
अपना एक नया घोसला बनाये हम.

और देखते ही देखते दोनों चिड़िया
आसमान की उंचाईओ में अपना प्यार पाने उड़ गए.

इस खुले विशाल गगन में कही खो गए
जैसे दो प्रेमी एक दूसरे की आँखों की गहराइयों में खो जाते है


Comments

Popular posts from this blog

21 Days Lockdown Series Day 6: Monday Blues and Work from Home

Wish you were here

Building Bully- Free Workplace